बाघों की मौत के मामले में इस साल देश का सर्वश्रेष्ठ कान्हा टाइगर रिजर्व आगे है। पार्क में जनवरी माह में ही दो बाघिनों की मौत हुई है। दोनों बाघिनों की मौत को लेकर पार्क के अफसरों का तर्क था कि वर्चस्व की लड़ाई के चलते बाघों ने बाघिनों को मार डाला। दरअसल, पांच जनवरी को पार्क के किसली परिक्षेत्र की खटिया बीट में चार वर्षीय बाघिन का क्षत-विक्षत शव मिला था। पार्क के अफसरों का दावा था कि बाघिन की मौत वर्चस्व की लड़ाई में हुई है और उसे मारकर बाघ ने खा लिया। यह अप्रत्याशित घटना थी।