भोपाल। दो दिन पहले भाजपा मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री कमलनाथ के खिलाफ आरोप-पत्र लाई थी। जिसमें किसानों की कर्जमाफी के मुद्दे पर कमलनाथ सरकार पर सवाल खड़े किए गए थे। आज कांग्रेस ने उस पर पलटवार करते पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह के घर पहुंचकर किसानों की कर्जमाफी से जुड़े तमाम सबूत उन्हें सौंपे। लेकिन इस पर शिवराज सिंह ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस करके दोबारा प्रदेश की कांग्रेस सरकार, राहुल गांधी और सीएम कमलनाथ पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि," कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने सत्ता में आने के दस दिन के भीतर ही किसानों का कर्जा माफ करने का वादा किया था, लेकिन अब कहते फिर रहे हैं कि ये कर्जा माफ करेंगे, वो कर्जा माफ करेंगे। जबकि वादा, सबका कर्ज़ा माफ करने का था। प्रदेश में अब तक किसानों का कर्जा माफ नहीं हुआ है। किसानों के साथ प्रदेश सरकार ने धोखा किा है। जब तक बैंकों को सरकार पैसा नहीं देंगी, कर्जा माफ नहीं होगा।"

राहुल गांधी ने 10 दिन में कर्जमाफी का वादा किया था, लेकिन अब कह रहे हैं कि ये कर्ज़ा माफ करेंगे, वो कर्ज़ा माफ करेंगे। वादा, सबका कर्ज़ा माफ करने का था: श्री शिवराज सिंह यहीं नहीं रुके उन्होंने मुख्यमंत्री कमलनाथ पर भी निशाना साधते हुए कहा कि, "केवल सूची बढ़ा देने से कर्जा माफ नहीं हो सकता है। प्रदेश के किसानों पर कुल 48 हजार करोड़ का कर्जा था। उसके एवज में प्रदेश सरकार ने बजट में केवल पांच हजार करोड़ का प्रावधान रखा और उसमें से भी सिर्फ 1300 करोड़ रुपए इसके लिए दिए हैं, तो कैसे सारे किसानों का कर्जा माफ हो गया ? उन्होंने कहा कि," मुख्यमंत्री कमलनाथ ने मुझे केवल कृषि विभाग की किसानों की लिस्ट भिजवाई है। आप बैंकों की सूची दीजिए, कर्ज माफ तो बैंक करेंगे। केवल माहौल बिगाड़ने और किसानों को भ्रमित करने से कुछ नहीं होगा।"

राहुल गांधी ने 10 दिन में कर्जमाफी का वादा किया था, लेकिन अब कह रहे हैं कि ये कर्ज़ा माफ करेंगे, वो कर्ज़ा माफ करेंगे। वादा, सबका कर्ज़ा माफ करने का था: कर्ज़ा माफ नहीं हुआ है। किसानों के साथ धोखा हुआ है। जब तक बैंकों को सरकार पैसा नहीं देगी, कर्ज़ माफ नहीं होगा: श्री @ChouhanShivrकेवल सूची बढ़ा देने से कर्ज़ा माफ नहीं हो सकता है। 48 हज़ार करोड़ के अगेन्स्ट 1300 करोड़ रुपये दिया है, तो कैसे कर्ज़ा माफ होगा? मैं फिर कहता हूँ कि किसान का कर्ज़ा माफ नहीं हुआ है: